
उत्तराखंड के पूर्व IPS अफसर की बढ़ी मुश्किलें, केस दर्ज करने का आदेश, जानें पूरा प्रकरण
पिथौरागढ़ के मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट ने पूर्व IPS अधिकारी लोकेश्वर सिंह के खिलाफ मुकदमा दर्ज करने का आदेश दिया.
पिथौरागढ़: मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट संजय सिंह की अदालत ने पिथौरागढ़ के पूर्व एसपी लोकेश्वर सिंह और अन्य पुलिसकर्मियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज करने के आदेश दिए हैं. पिथौरागढ़ के व्यापारी लक्ष्मी दत्त जोशी द्वारा मारपीट समेत अन्य संगीन आरोपों पर कोर्ट ने मुकदमा दर्ज करने का फैसला सुनाया है.
पीड़ित लक्ष्मी दत्त जोशी के अधिवक्ता आशीष हावर्ड ने बताया कि, 7 अप्रैल 2026 को मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट की अदालत ने लक्ष्मी दत्त जोशी की ओर से दिए गए प्रार्थना पत्र अंतर्गत धारा 175 (3) बीएनएस 2023 स्वीकार किया है. बताया कि कोर्ट ने प्रभारी निरीक्षक कोतवाली पिथौरागढ़ को आदेश दिए हैं कि तत्कालीन एसपी लोकेश्वर सिंह और अन्य के खिलाफ भारतीय दंड संहिता की धारा 323 (चोट पहुंचाने), 342 (गलत तरीके से कैद करना), 355 (अपमानित करने के इरादे से हमला करना), 504, 506, 392 और 120 (B) के तहत मुकदमा दर्ज करें.
ये है आरोप: पीड़ित व्यापारी लक्ष्मी दत्त जोशी का आरोप है कि 6 फरवरी 2023 में वह अपनी बेटी के साथ पुलिस क्वार्टर के सीवरेज एवं बाथरूम सप्लाई की क्षतिग्रस्त लाइन की समस्या पर कार्रवाई नहीं होने की शिकायत लेकर टकाना स्थित एसपी कार्यालय गए थे. आरोप है कि तत्कालीन पुलिस अधीक्षक लोकेश्वर सिंह और 6 पुलिस कर्मियों ने निर्वस्त्र कर उनके साथ मारपीट की. अभद्रता कर झूठे केस में फंसाने की भी धमकी दी.
व्यापारी लक्ष्मी दत्त ने बताया कि, उन्होंने क्षतिग्रस्त लाइन की समस्या इससे पहले 20 जनवरी को 2023 को लिखित शिकायत के तौर पर एसपी कार्यालय को दी थी. लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हुई. जिसके बाद उन्होंने मामले की शिकायत जिलाधिकारी और सीएम पोर्टल पर की. इसी के बाद से लोकेश्वर सिंह रंजिश रखने लगे थे.
लक्ष्मी दत्त के मुताबिक, मारपीट के बाद उन्होंने पिथौरागढ़ जिला अस्पताल में मेडिकल कराया जिसमें कठोर वस्तु से चोट लगने की पुष्टि बताई गई. इसके बाद 8 फरवरी को जिला पुलिस शिकायत प्राधिकरण, हल्द्वानी जिला नैनीताल में शिकायत की. जिस पर कार्रवाई करते हुए राज्य पुलिस शिकायत प्राधिकरण ने 9 दिसंबर 2025 को आदेश पारित करते हुए एसपी लोकेश्वर सिंह को मारपीट और दुर्व्यवहार का दोषी मानते हुए विभागीय कार्रवाई शुरू करने की संस्तुति दी.
पीड़ित का आरोप है कि, प्राधिकरण के आदेश पर 13 दिसंबर 2025 को उसने पिथौरागढ़ थाने में एफआईआर दर्ज करने का प्रार्थना पत्र दिया गया, लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हुई.
लोकेश्वर सिंह का पुलिस सेवा से इस्तीफा: 2014 बैच के आईपीएस लोकेश्वर सिंह पुलिस सेवा से इस्तीफा दे चुके हैं. वे अब संयुक्त राष्ट्र से संबद्ध राष्ट्रीय संगठन में अपनी सेवाएं दे रहे हैं. पुलिस सेवा से इस्तीफा देने के दौरान वे पौड़ी गढ़वाल में एसएसपी के रूप में अपनी सेवाएं दे रहे थे.









