
नंदा देवी राष्ट्रीय पार्क में जंगल की आग सातवें दिन भी धधक रही है। वन विभाग की दो टीमें निचले इलाकों में आग बुझाने में जुटी हैं, लेकिन चोटी पर लगी आग अभी भी बेकाबू है। वायुसेना का हेलीकॉप्टर तैनात है,
पर आग बुझाने का काम शुरू नहीं हुआ है। वन अधिकारियों ने वायुसेना के सोशल मीडिया पोस्ट पर आपत्ति जताई है। अन्य क्षेत्रों में भी आग लगने की खबरें हैं।
गोपेश्वर (चमोली)। फायर सीजन शुरू होने से एक महीने पहले से ही धधक रहे उत्तराखंड के जंगलों ने वन विभाग की चुनौती बढ़ा दी है। नंदा देवी राष्ट्रीय पार्क के जंगलों में लगी आग सातवें दिन भी धधकती रही।

वन कर्मियों की दो टीमें अलग-अलग जगह नीचे की ओर आ रही आग को बुझाने में जुटी, लेकिन चोटी में लगी आग अभी भी नहीं बुझ पाई है। वन विभाग इसे चोटी के अंतिम छोर पर जाने के बाद खुद ही बुझने का इंतजार कर रही है।
उधर, वायु सेना का एमआइ-17 हेलीकाप्टर ज्योतिर्मठ सेना परिसर स्थित हेलीपैड में खड़ा किया गया है।
नौ जनवरी से नंदा देवी राष्ट्रीय पार्क के फूलों की घाटी रेंज व गोविंदघाट रेंज में जंगल धू-धूकर जल रहे हैं। वन विभाग के अधिकारियों, कर्मचारियों ने खड़ी चट्टानों पर लगी आग को बुझाने में असमर्थता जताई थी।
पहले वायुसेना से आग बुझाने की मदद मांगी थी, लेकिन बुधवार को वन विभाग ने हवाई सर्वेक्षण के बाद कहा कि आग खुद ही बुझ जाएगी। गुरुवार को नंदा देवी राष्ट्रीय पार्क के जंगलों में लगी आग घने हरे पेड़ों के बीच पहुंच गई है।

केदारनाथ वन्य जीव के प्रभागीय वनाधिकारी सर्वेश कुमार दुबे ने बताया कि अब तक हुई क्षति के आकलन में सूखे पेड़ों के जल कर गिरने की जानकारी सामने आई है। निचले स्थानों पर आग को फैलने से रोकने के लिए पर्याप्त संख्या में वन कर्मी व मजदूर लगाए गए हैं।
वायु सेना के आग बुझाने के दावे पर वन अधिकारियों का एतराज
वायु सेना की सेंट्रल कमांड ने गुरुवार को इंटरनेट मीडिया पर एक पोस्ट कर कहा कि भारतीय वायु सेना मास्टर कंट्रोल सेंटर ने उत्तराखंड के नंदा देवी बायोस्फियर रिजर्व में जंगल की आग को बुझाने के लिए जोशीमठ में एक हेलीकाप्टर तैनात किया है। इस पोस्ट के साथ कुछ फोटो भी थे।

हालांकि ये फोटो इस क्षेत्र के नहीं हैं और न ही वायु सेना के हेलीकाप्टर ने अभी तक आग बुझाने का काम शुरू किया है। सेना के इस पोस्ट के बाद वन अधिकारियों ने इस पर आपत्ति जताई।
नंदा देवी राष्ट्रीय पार्क के निदेशक आकाश वर्मा ने एयर फोर्स के विंग कमांडर से दूरभाष पर वार्ता कर पोस्ट हटाने को कहा।
आग बुझाने के आपरेशन की कमान संभाल रहीं फूलों की घाटी की वन क्षेत्राधिकारी चेतना कांडपाल ने कहा कि अभी तक आग पर बमबी बकेट से पानी नहीं डाला गया है। उन्होंने खुद विंग कमांडर दीपक रहेजा से वार्ता कर इंटरनेट मीडिया पर डाले पोस्ट पर एतराज जताया है।
यहां भी जंगलों में आग
- पौड़ी के जामणाखाल क्षेत्र में मल्ली गांव के समीप जंगल अचानक आग से धधकने लगा। इससे वन संपदा को काफी नुकसान पहुंचा। आग लगने की सूचना मिलते ही वन विभाग की टीम मौके पर पहुंची और कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया।
- गुरुवार को वरुणावत पर्वत की पहाड़ियों में भीषण आग लग गई, इससे दिनभर पहाड़ियों से धुएं का गुबार उठता रहा। वहीं, पहाड़ी से पत्थरों के गिरने का भी भय बना हुआ है।
- बदरीनाथ वन प्रभाग के दशोली विकासखंड के निजमुला घाटी के गाड़ी व गौणा गांव के पत्थरा तोक में लगी आग को वन विभाग के कर्मचारियों ने कड़ी मशक्कत के बाद बुझा दिया है।









