
देहरादून में चैंबर निर्माण की मांग को लेकर अधिवक्ताओं के आंदोलन में कांग्रेस नेता हरक सिंह पहुंचे। उनके भाषण में सिख समुदाय पर टिप्पणी के कारण विवाद हो गया,
जिसके बाद उन्होंने माफी मांगी। अधिवक्ताओं का प्रदर्शन जारी है और सरकार से मांगें पूरी करने की अपील की जा रही है।
देहरादून: चैंबर निर्माण की मांग को लेकर लंबे समय से आंदोलन कर रहे अधिवक्ताओं के बीच आज कांग्रेस नेता हरक सिंह पहुंचे। पहले उन्होंने लंबा भाषण दिया और इसी बीच सिख समुदाय को लेकर कोई टिप्पणी कर दी।
इसका सिख समुदाय से जुड़े अधिवक्ताओं ने विरोध जताया और मामला बढ़ गया। हालांकि कांग्रेस नेता ने कहा कि उनका उद्देश्य किसी को ठेस पहुंचाना नहीं था। इसके बाद वरिष्ठ अधिवक्ताओं ने किसी तरह स्थिति को संभाला। हालांकि इसके बाद कांग्रेस नेता ने सिख समुदाय से मांफी भी मांगी।
दूसरी ओर मांगों को लेकर अधिवक्ताओं का प्रदर्शन शुक्रवार को भी जारी रहा। इस दौरान निर्णय लिया कि शनिवार को भी अधिवक्ता पूर्ण रूप से कार्य विरत रहेंगे।
इसके साथ ही बस्ते, टाइपिंग, स्टांप वेंडर भी पूर्ण रूप से बंद रहेंगे। रजिस्ट्रार कार्यालय में भी अधिवक्ता कोई काम नहीं करेंगे।
बार एसोसिएशन के अध्यक्ष मनमोहन कंडवाल ने कहा कि जब तक सरकार मांगें नहीं मानती तब तक आंदोलन इसी तरह से जारी रहेगा। आने वाले दिनों में और भी उग्र प्रदर्शन किया जाएगा।
सरकार निर्णय नहीं लेती तो करेंगे आमरण अनशन
बार एसोसिएशन के पूर्व अध्यक्ष राजीव शर्मा ने कहा कि चैंबर निर्माण की मांग अधिवक्ताओं की जायज मांग है। सरकार को इस ओर तत्काल ध्यान देने की जरूरत है।
यदि सरकार जल्द कोई ठोस निर्णय नहीं लेती तो आमरण अनशन पर बैठेंगे। उन्होंने कहा कि अधिवक्ता पिछले कई दिनों से सड़क पर बैठे हैं, लेकिन सरकार उनकी तरफ ध्यान देने को तैयार नहीं है।









