Big Breaking:-देहरादून अकरम एनकाउंटर: चोरी-दुष्कर्म और हत्या, भाई भी मुठभेड़ में हुआ था ढेर; आपराधिक इतिहास

देहरादून के प्रेमनगर में ठेकेदार देवराज को गोली मारकर लूट लिया गया। पुलिस मुठभेड़ में एक बदमाश अकरम मारा गया, जिसका आपराधिक इतिहास चोरी, दुष्कर्म और हत्या से जुड़ा था।

देहरादून। प्रेमनगर के पौंधा में हुई मुठभेड़ में ठेकेदार देवराज की मुखबरी की आशंका जताई जा रही है। पुलिस को शक है कि कोई स्थानीय व्यक्ति था, जिसने बदमाशों को ठेकेदार के पास दो लाख रुपये नकदी होने की जानकारी दी।

बुधवार शाम को गुजरात नंबर की ब्रीजा कार से आए बदमाशों ने उनकी स्कूटी के आगे लगा दी और उन्हें गोली मारकर नकदी, एक मोबाइल व लेनदेन संबंधी एक डायरी लूट ली और फरार हो गए। इसके अलावा बदमाशों ने वारदात में शामिल जिस कार का इस्तेमाल किया, उसका नंबर भी फर्जी है। पुलिस कार के असली मालिक की तलाश कर रही है।

पुलिस महानिरीक्षक गढ़वाल परिक्षेत्र राजीव स्वरूप व एसएसपी देहरादून प्रमेन्द्र सिंह डोबाल ने बताया कि बुधवार रात को बदमाशों ने पौंधा रोड पर ठेकेदार देवराज को गोली मारकर लूट की घटना को अंजाम दिया।

सूचना पर प्रभारी निरीक्षक प्रेमनगर पुलिस फोर्स के साथ मौके पर पहुंचे। घायल ठेकेदार से पूछताछ के बाद पुलिस ने गुजरात नंबर की काले रंग की कार का पीछा किया। कुछ दूरी पर पुलिस टीम को जंगल में काले रंग की गाड़ी जाती दिखाई दी, जिसका पीछा करने पर कार सवार बदमाश पुलिस टीम पर फायर करते हुए अपनी गाड़ी को छोड़कर जंगल की तरफ भाग गए।

पीछा करने पर बदमाशों ने पुलिस टीम पर फायर किया, जिसमें एक गोली प्रभारी निरीक्षक प्रेमनगर नरेश राठौर को लग गई। जवाबी फायर में तीन गोली बदमाश को लगी, जबकि दो बदमाश अंधेरा का फायदा उठाकर जंगल की ओर भाग गए।
घायल बदमाश के कब्जे से पुलिस को एक पिस्टल, एक तमंचा व लूटी गई नकदी बरामद हुई।

मुठभेड में घायल प्रभारी निरीक्षक, बदमाश व ठेकेदार को तत्काल उपचार के लिए प्राथमिक चिकित्सालय प्रेमनगर लाया गया, जहां से तीनों को उपचार के लिए हायर सेंटर रेफर किया गया। उपचार के दौरान कोरोनेशन अस्पताल में घायल बदमाश की मृत्यु हो गई। मृतक बदमाश की पहचान अकरम उर्फ मुच्छड़ निवासी ग्राम बूंटा, थाना भवन गढी पुख्ता, शामली, उत्तर प्रदेश के रूप में हुई।

वर्ष 2024-25 में दून में रहकर की वारदातें

जांच में पता चला है कि बदमाश अकरम वर्ष 2024 व 2025 में पटेलनगर क्षेत्र में रहा। इस दौरान उसने पटेलनगर व क्लेमेनटाउन में चोरी की वारदातों को अंजाम दिया। इस मामले में वर्ष 2025 में दून पुलिस ने उसे गिरफ्तार करके जेल भेजा था।

इसके अलावा शामली पुलिस ने भी पूर्व में लूट की घटना में फरार चलने पर बदमाश अकरम पर पांच हजार रुपये का इनाम घोषित किया था। बदमाश कोर्ट की तारीख में पेशी के लिए देहरादून आया था, जिसने रात्री में अपने साथियों के साथ मिलकर लूट की घटना को अंजाम दिया। मुठभेड़ की घटना के संबंध में पुलिस अधीक्षक शामली को भी सूचित किया गया है।

भाई यूपी में मुठभेड़ में हुआ था ढेर

मुठभेड़ में मारे गए अकरम का लंबे समय से आपराधिक इतिहास रहा है। पहले वह छोटी-मोटी चोरी करता था, लेकिन समय के साथ-साथ उसने बड़ी-बड़ी घटनाओं को अंजाम देना शुरू कर दिया।

वर्ष 2014 में अकरम ने नेहरू कालोनी क्षेत्र से एक किशोरी का अपहरण कर उसके साथ दुष्कर्म किया। इसके बाद लगातार वारदातों को अंजाम देता रहा।

वर्ष 2014 में अकरम ने रायपुर में अंकित थपलियाल की हत्या की थी, जिसके बाद वर्ष 2015 में उसके विरुद्ध गैंगस्टर का भी मुकदमा दर्ज हुआ। पुलिस को अनुसार अकरम का एक भाई उत्तर प्रदेश में हुए मुठभेड़ में ढेर हो चुका है।

Ad Ad

सम्बंधित खबरें