Big Breaking:-उत्तराखंड शिक्षा में चार साल का स्वर्णिम दौर, हाईस्कूल परिणाम 90% पार

उत्तराखंड सरकार ने पिछले चार वर्षों में शिक्षा व्यवस्था में महत्वपूर्ण सुधार किए हैं। डॉ. धन सिंह रावत के नेतृत्व में हाईस्कूल का परिणाम 77% से बढ़कर 90% हो गया है।

(सरकार के चार साल): हाईस्कूल का परिणाम 77 से बढ़कर 90 प्रतिशत हुआ पार


– राज्य में चार साल में और सुदृढ़ हुई शिक्षा व्यवस्था
– धरातल पर उतरी योजनाएं तो 


देहरादून : राज्य सरकार ने पिछले चार वर्षों में विद्यालयी शिक्षा के क्षेत्र में उल्लेखनीय सुधार करते हुए एक सुदृढ़ शिक्षा प्रणाली विकसित की। कैबिनेट मंत्री डा. धन सिंह रावत के नेतृत्व में शिक्षा के बुनियादी ढांचे को मजबूत करने के साथ-साथ नवाचार और गुणवत्ता पर विशेष ध्यान दिया गया है। नई राष्ट्रीय शिक्षा नीति-2020 के अनुरूप छात्रों को आधुनिक, समावेशी और व्यावहारिक शिक्षा उपलब्ध कराने के प्रयास किए गए हैं।


इन वर्षों में राजकीय एवं सहायता प्राप्त विद्यालयों में आधारभूत सुविधाओं का विस्तार हुआ है। स्मार्ट क्लास, कंप्यूटर लैब, वर्चुअल क्लास और आधुनिक पुस्तकालय जैसी सुविधाएं विकसित की जा रही हैं। प्रदेश में 559 क्लस्टर विद्यालयों का चयन कर उन्हें आधुनिक तकनीक से सुसज्जित किया जा रहा है, जिससे छात्रों को बेहतर शैक्षणिक वातावरण मिल सके।


छात्रों को मिली निश्शुल्क पाठ्य सामग्री
सरकार की ओर से राजकीय व अशासकीय कक्षा नौ से 12 तक के 3,24,491 छात्रों को 38,92,916 निश्शुल्क पाठ्य पुस्तकें उपलब्ध कराई जा रही हैं। विभिन्न वित्तीय वर्षों में लाखों छात्र-छात्राओं को करोड़ों पुस्तकें वितरित की गई हैं। इसके साथ ही कक्षा एक से 12 तक के लगभग 899763 छात्रों को निश्शुल्क नोटबुक भी दी जा रही हैं, जिससे शिक्षा का आर्थिक बोझ कम हुआ है।


बोर्ड परीक्षा परिणामों में सुधार
माध्यमिक शिक्षा के तहत बोर्ड परीक्षाओं में भी सुधार दर्ज किया गया है। हाईस्कूल का परिणाम वर्ष 2022 में 77.47 प्रतिशत से बढ़कर वर्ष 2025 में 90.77 प्रतिशत तक पहुंच गया। वहीं इंटरमीडिएट का परिणाम भी बेहतर हुआ है। पारदर्शी मूल्यांकन और समय पर परिणाम घोषित करने से शिक्षा प्रणाली में विश्वास बढ़ा है।


छात्रवृत्ति और शैक्षिक भ्रमण का अवसर
मेधावी छात्रों को प्रोत्साहित करने के लिए मुख्यमंत्री मेधावी छात्र प्रोत्साहन छात्रवृत्ति योजना लागू की गई है, जिससे वर्ष 2025-26 में 12079 छात्र लाभान्वित हुए हैं। इसके साथ ही भारत-दर्शन शैक्षिक भ्रमण योजना के तहत छात्रों को देश के प्रमुख शैक्षणिक संस्थानों और ऐतिहासिक स्थलों का भ्रमण कराया जा रहा है, जिससे उनका बौद्धिक विकास हो रहा है।


खेल और शिक्षक नियुक्ति पर जोर
छात्रों के सर्वांगीण विकास के लिए खेलों को भी बढ़ावा दिया गया है। पिछले वर्षों में राज्य के विद्यार्थियों ने राष्ट्रीय स्तर की प्रतियोगिताओं में कई पदक हासिल किए हैं। वहीं माध्यमिक शिक्षा में 4415 शिक्षकों की नियुक्ति कर शिक्षा की गुणवत्ता सुधारने का प्रयास किया गया है।

नई राष्ट्रीय शिक्षा नीति-2020 के अनुरूप प्रदेश में विद्यालयी शिक्षा प्रणाली को निरंतर सुदृढ़ किया जा रहा है। राज्य सरकार का लक्ष्य प्रत्येक छात्र को गुणवत्तापरक और आधुनिक शिक्षा उपलब्ध कराना है। उन्होंने कहा कि शिक्षा के माध्यम से प्रदेश के नौनिहालों के उज्ज्वल भविष्य की मजबूत नींव रखी जा रही है।


– डा.धन सिंह रावत, विद्यालयी शिक्षा मंत्री

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