उत्तराखंड में सड़क सुरक्षा को लेकर बड़ा फैसला, सरकारी कार्यालयों और स्कूल-कॉलेजों में लागू होगा ‘नो हेलमेट, नो एंट्री’
उत्तराखंड में सड़क दुर्घटनाओं को कम करने के लिए सरकारी कार्यालयों, स्कूलों और कॉलेजों में ‘नो हेलमेट, नो एंट्री’ व्यवस्था लागू की जाएगी।
देहरादून। उत्तराखंड में लगातार बढ़ रही सड़क दुर्घटनाओं को देखते हुए अब आमजन को जागरूक करने पर विशेष जोर दिया जा रहा है। विशेष रूप से हेलमेट पहनने की प्रवृति को बढ़ावा देने के लिए सरकारी कार्यालयों, स्कूल, कालेज व कोचिंग सेंटर में ‘नो हेलमेट, नो एंट्री’ यानी हेलमेट नहीं तो प्रवेश नहीं की व्यवस्था को लागू किया जाएगा। साथ ही बिना ड्राइविंग लाइसेंस और बिना वाहन बीमा के भी प्रवेश नहीं दिया जाएगा।
सड़क सुरक्षा के लिए सुप्रीम कोर्ट द्वारा सड़क सुरक्षा के लिए बनाई गई समिति के अध्यक्ष एवं सेवानिवृत्त न्यायाधीश अभय मनोहर सप्रे ने देहरादून स्थित होटल ताज में सोमवार को सड़क सुरक्षा की समीक्षा की। इस दौरान उन्होंने यह व्यवस्था प्रभावी करने के निर्देश दिए। साथ ही प्रदेश के प्रत्येक जिले को शून्य मृत्यु दर वाला जिला बनाने के लिए केंद्र के मानकों के अनुरूप कार्ययोजना तैयार करने के भी निर्देश दिए।



