
हल्द्वानी निवासी राहुल कुमार नैनीताल में परीक्षा देने जा रहा था, लेकिन कैंची धाम की यात्रा के दौरान पाइंस क्षेत्र में एक सड़क हादसे में उसकी मौत हो गई।
नैनीताल। हल्द्वानी जजी कोर्ट क्षेत्र निवासी राहुल कुमार ने सुबह राजस्थान के दोस्तों के साथ निकलने से पूर्व सोचा भी नहीं था कि यह उसका आखिरी सफर होगा। राजस्थान के पर्यटकों से उसकी कोई गहरी दोस्ती भी नहीं थी। दो साल पूर्व नैनीताल को बस से आते हुए पहचान के बाद अक्सर उसकी अरविंद से फोन पर बात हो जाया करती थी।
सोमवार सुबह दोस्तों ने उसके घर के बाहर वाहन खड़ा कर कैंची धाम चलने का प्रस्ताव दिया तो राहुल खुद को रोक नहीं सका। सोचा था कि कैंची धाम दर्शन के बाद दोस्त ही उसे नैनीताल कालेज छोड़ देंगे। जहां से वह अपनी आंतरिक परीक्षा भी दे सकेगा। लेकिन नियती को शायद कुछ और ही मंजूर था, पाइंस क्षेत्र में हुए हादसे में उसकी मौत हो गई।
स्कूटी से चलने का दिया था प्रस्ताव, दोस्तों के साथ कुछ घंटे पहले ही हुई थी बात
सुबह ही कैंची धाम दर्शन के बाद राहुल दोस्तों के साथ घोड़ाखाल गोल्ज्यू मंदिर भी चला गया। भवाली निवासी उसके कालेज के दोस्तों ने सुबह कालेज निकलने से पूर्व फोन भी किया था। इस बीच राहुल ने घोड़ाखाल में होने की बात बताई थी।
दोस्तों ने भवाली में ही होने के कारण उसे स्कूटी से चलने को कहा, लेकिन राहुल ने मना करते हुए कालेज आने में कुछ देर हो जाने की बात कही। जिसके चंद घंटों बाद ही दोस्तों को उसके साथ हादसा हो जाने की सूचना मिली।
परिवार पर टूटा दुखों का पहाड़, सबसे छोटा व लाडला था राहुल
राहुल के पिता हल्द्वानी में किराए की दुकान चलाते हैं। पुलिस पूछताछ में राहुल के पिता ने बताया कि सुबह उनके घर के सामने सफेद रंग की एक थार खड़ी थी।
करीब आधे घंटे खड़े वाहन में राहुल बिना बताए ही चला गया। घर में सभी ने सोचा कि दोस्तों के साथ वह कालेज चला गया होगा, लेकिन शाम को मिली खबर से सभी सदमे में हैं। घर पर सबसे छोटा राहुल सभी का लाडला था।









