
देहरादून में तहरीक-ए-तालिबान हिंदुस्तान (टीटीएच) के संदिग्ध जासूस विक्रांत कश्यप की गिरफ्तारी हुई है। एक माह पहले गाजियाबाद में पकड़े गए इसी तरह के मॉड्यूल से इसके तार जुड़े हैं।
देहरादून। मार्च में गाजियाबाद पुलिस ने इसी तरह के एक गिरोह पकड़ा था, जिसने एक विदेशी नंबर पर रेलवे स्टेशन की फोटो भेजी थी।
इसके अलावा उनके मोबाइल से रेलवे स्टेशन पर कैमरा लगाने की फोटो व वीडियो विदेशी नंबर पर भेजी थी। इस मामले में गाजियाबाद पुलिस ने पांच आरोपित प्रवीन, राज वाल्मीकि, शिवा वाल्मीकि, रितिक गंगवार व सुहेल मलिक को गिरफ्तार किया था।
दून व गाजियाबाद में पकड़े गए आरोपितों का एक ही माड्यूल होने के चलते उत्तराखंड एसटीएफ गाजियाबाद से गिरफ्तार इन आरोपितों से भी पूछताछ कर सकती है। इसके अलावा जिस दिल्ली के व्यक्ति ने टीटीएच के संदिग्ध जासूस विक्रांत कश्यप को पिस्टल उपलब्ध कराई, उसकी तलाश की जा रही है। आरोपित की गिरफ्तारी के बाद कई अहम सुराग हाथ लगने की संभावना है।
गिरोह का पर्दाफाश करने के लिए टीमें गठित
दून से गिरफ्तार किए गए टीटीएच के संदिग्ध जासूस से पूछताछ व गिरोह में शामिल अन्य आरोपितों की पहचान के लिए एसएसपी एसटीएफ की ओर से कई टीमें गठित की गई हैं। इनमें से एक टीम गाजियाबाद,
दिल्ली, पंजाब के अलावा जिन-जिन राज्यों में इस तरह के आरोपित गिरफ्तार हुए हैं, उनसे पूछताछ करेगी। इसके अलावा एक टीम इंस्टाग्राम व फेसबुक की जांच कर रही है कि पाकिस्तान में आइएसआइ एजेंट शहजाद भट्टी के संपर्क में उत्तराखंड से कौन-कौन जुड़े हुए हैं।
टेस्टिंग के लिए शहजाद भट्टी ने दिए थे टास्क
अब तक हुई जांच में सामने आया है कि पाकिस्तान में बैठे टीटीएच एजेंट शहजाद भट्टी ने टेस्टिंग के लिए विक्रांत कश्यप को पहले टास्क के रूप में देहरादून स्थित आइएसबीटी, पुलिस मुख्यालय, आइएमए व अन्य महत्वपूर्ण सरकारी भवनों पर ‘तहरीक-ए-तालिबान हिंदुस्तान’ (टीटीएच) लिखने को कहा गया, ताकि टीटीएच नाम से दहशत फैला सकें।
इसके बाद उसे दूसरा टास्क दिल्ली स्थित एक संगठन के कार्यकर्ताओं व सर्वोच्च न्यायालय के अधिवक्ता पर हैंड ग्रेनेड फेंकने का टास्क दिया गया था। यदि आरोपित समय पर नहीं पकड़ा जाता तो बड़ी घटना को अंजाम दे सकता था।
विक्रांत का शहजाद भट्टी के साथ वाइस सैंपल किया मैच
टीटीएच के संदिग्ध एजेंट की गिरफ्तारी के बाद जांच एजेंसियों ने जासूस विक्रांत कश्यप व पाकिस्तान में बैठे शहजाद भट्टी का वाइस सैंपल मिलाया, जोकि पास हुआ है।
ऐसे में धीरे-धीरे जासूस के अन्य पाकिस्तान कनेक्शन खंगाले जा रहे हैं। आरोपित का मोबाइल जांच के लिए फारेंसिक लैब भेजा गया है। इसके साथ ही उसके इंस्टाग्राम व फेसबुक अकाउंट की गहनता से जांच की जा रही है।
संभावित लिंक व स्लीपर सेल की तलाश जारी
एसटीएफ के मुताबिक, गिरफ्तार आरोपित से मिले इनपुट के आधार पर अन्य संभावित लिंक और स्लीपर सेल की तलाश की जा रही है। केंद्रीय एजेंसियां इस बात की भी जांच कर रही हैं कि कहीं यह नेटवर्क राज्य के बाहर तक तो नहीं फैला है।
सूत्रों के अनुसार, पूछताछ में कुछ और संदिग्ध नाम सामने आए हैं, जिनकी भूमिका की जांच की जा रही है। सुरक्षा एजेंसियों ने एहतियात के तौर पर संवेदनशील स्थानों की निगरानी बढ़ा दी है।
दून से पकड़े गए तहरीर-ए-तालिबान हिंदुस्तान (टीटीएच) से जुड़े संदिग्ध जासूस से विभिन्न जांच एजेंसियों ने पूछताछ की है। हाल ही में पकड़े गए आरोपितों से एसटीएफ पूछताछ करेगी। इनसे विक्रांत कश्यप का कनेक्शन तलाशा जाएगा।
– अजय सिंह, एसएसपी एसटीएफ









