
रोड शो से लेकर कार्यक्रम में उमड़ी भीड़ से प्रधानमंत्री मोदी अभिभूत नजर आए। मोदी ने कार्यक्रम में देरी से पहुंचने पर क्षमा मांगी और लोगों के प्यार को सराहा।
28वीं बार उत्तराखंड पहुंचे प्रधानमंत्री उत्साह तो भर ही गए, वहीं खुद भी नई ऊर्जा लेकर लौटे हैं। उन्हें यह ऊर्जा अब तक के सबसे लंबे 12 किमी के रोड शो व कार्यक्रम में उमड़ी भीड़ के स्नेह से मिली है। मोदी ने कार्यक्रम में एक घंटे देरी से पहुंचने पर क्षमा मांगी और लोगों के प्यार से अभिभूत भी दिखे।
प्रस्तावित कार्यक्रम के अनुसार प्रधानमंत्री मोदी को दिल्ली-दून इकोनॉमिक कॉरिडोर के उद्घाटन कार्यक्रम में दोपहर एक बजे पहुंचना था लेकिन डाट काली मंदिर से लेकर गढ़ी कैंट कार्यक्रम स्थल तक 12 किमी के रोड शो में पीएम मोदी की एक झलक पाने को मानव शृंखला बनी रही, जिससे देरी हो गई।
इस पर मंच से पीएम मोदी ने क्षमा मांगते हुए कहा, मैं निकला समय पर था लेकिन 12 किमी के रोड शो में लोगों का उत्साह व उमंग देख कर मेरे लिए तेजी से गाड़ी से आना मुश्किल हो गया। जनता जनार्दन का आशीर्वाद लेते हुए यहां पहुंचा, जिससे देरी हो गई।
देवभूमि उत्तराखंड से मिलती है हमेशा विशोष ऊर्जा
प्रधानमंत्री ने अभूतपूर्व स्वागत का जिक्र करते हुए कहा कि देवभूमि उत्तराखंड से उन्हें हमेशा विशेष ऊर्जा मिलती है। उन्होंने कहा कि यहां के लोगों का स्नेह और आशीर्वाद उन्हें देश के विकास के लिए और अधिक प्रेरित करता है और वे इस बार भी उत्तराखंड से नई ऊर्जा व प्ररेणा लेकर जा रहे हैं।
प्रधानमंत्री ने अपने संबोधन में रोड शो में उमड़े जन सैलाब और लोगों के प्यार पर आभार जताया। यह भव्य रोड शो न केवल इकोनॉमिक कॉरिडोर के महत्व को दर्शाता है, बल्कि उत्तराखंड की जनता और प्रधानमंत्री के बीच गहरे जुड़ाव को भी प्रदर्शित करता है।









