
हरिद्वार में चालक रवि चौहान की हत्या का पर्दाफाश हो गया है, जिसमें सौतेले भाई का दामाद मास्टरमाइंड निकला। संपत्ति विवाद के चलते सुपारी देकर चालक को शराब पिलाकर गंगनहर में धक्का दिया गया था।
हरिद्वार। ज्वालापुर के चालक रवि चौहान की हत्या संपत्ति विवाद में हुई थी। सौतेले भाई का दामाद हत्याकांड का मास्टरमाइंड निकला है।
सुपारी किलर ने डेढ़ लाख रुपये लेकर चालक को शराब पिलाई और फिर गंगनहर में धक्का दे दिया था।
पुलिस ने दोनों सुपारी किलर को गिरफ्तार कर हत्याकांड का पर्दाफाश कर लिया है, जबकि आरोपित दामाद व उसके भांजे की तलाश की जा रही है।
वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक नवनीत सिंह ने गुरुवार को प्रेस कॉन्फ्रेंस में बताया कि सीतापुर निवासी रवि चौहान एक नामी स्कूल में वाहन चालक थे। 15 अप्रैल को वह संदिग्ध परिस्थितियों में लापता हो गए थे। अगले दिन उनकी पत्नी ने गुमशुदगी दर्ज कराई थी।
तीन दिन बाद रवि चौहान का शव पथरी पावर हाउस में गंगनहर से मिला था। पुलिस की पड़ताल में सामने आया कि रवि चौहान को आखिरी बार दो युवकों के साथ बाइक पर बैठकर जाते देखा गया था।
पुलिस ने उनकी पहचान करते हुए हिरासत में लेकर पूछताछ की। तब आरोपितों ने हत्या कबूल करते हुए बताया कि संपत्ति हड़पने के लिए रवि चौहान के सौतेले भाई के दामाद पंकज ने उन्हें डेढ़ लाख रुपये की सुपारी दी थी।
घटना की रात उन्होंने शराब पिलाने के बहाने रवि चौहान को अपनी बाइक पर बैठाया और रानीपुर झाल के पास ले गए थे। जहां पहले उन्होंने गला दबाकर हत्या का प्रयास किया और फिर उसे गंग नहर में धक्का दे दिया था।
एसएसपी नवनीत सिंह ने बताया कि आरोपितों की पहचान नदीम और दानिश निवासीगण ज्वालापुर हरिद्वार के रूप में हुई है। नदीम ज्वालापुर कोतवाली का हिस्ट्रीशीटर है। उसके घर से सुपारी की रकम में से 61 हजार के नकदी भी बरामद कर ली गई है। पंकज और उसके भांजे की तलाश की जा रही है।









