
भारी वर्षा और बर्फबारी के कारण केदारनाथ यात्रा बाधित हुई थी, जिससे गौरीकुंड और सोनप्रयाग सहित विभिन्न पड़ावों पर 5000 से अधिक यात्रियों को रोका गया था।
रुद्रप्रयाग। भारी वर्षा व बर्फबारी केदारनाथ यात्रा की राह में चुनौती बनती जा रही है। इसी को देखते हुए प्रशासन ने गुरुवार दोपहर बाद केदारनाथ जाने वाले और वहां से लौट रहे पांच हजार से अधिक यात्रियों को गौरीकुंड व सोनप्रयाग समेत पैदल मार्ग के विभिन्न पड़ावों पर रोक दिया गया था।
शुक्रवार को हुए रवाना
बर्फबारी व वर्षा के कारण गुरुवार को विभिन्न पड़ावों पर रोके गए पांच हजार से अधिक यात्रियों को आज शुक्रवार सुबह मौसम अनुकूल होने पर केदारनाथ धाम के लिए रवाना किया गया। केदारनाथ के लिए हेली सेवाओं का संचालन भी सुचारू हो गया है। बदरीनाथ, गंगोत्री व यमुनोत्री की यात्रा निर्बाध चल रही है।
हालांकि, गुरुवार को 17 हजार 500 यात्रियों ने बाबा केदार के दर्शन किए। वहीं, बदरीनाथ, गंगोत्री व यमुनोत्री धाम की यात्रा सुचारु है।
सुरक्षित स्थानों और होल्डिंग एरिया में ठहराने की व्यवस्था
प्रशासन की ओर से केदारनाथ यात्रा मार्ग से जुड़े सभी सेक्टर प्रभारियों, नोडल अधिकारियों व पुलिस-प्रशासन को निर्देश दिए गए हैं कि प्रतिकूल मौसम की स्थिति में यात्रियों को संवेदनशील और भूस्खलन संभावित क्षेत्रों में आगे न बढ़ने दिया जाए। उन्हें निकटतम सुरक्षित स्थानों और होल्डिंग एरिया में ठहराने की व्यवस्था सुनिश्चित की जाए।
मौसम सामान्य होने पर ही यात्रियों को आगे जाने की अनुमति दी जाए। सोनप्रयाग और गौरीकुंड में भी सतर्कता बढ़ा दी गई है। इसके अलावा यात्रा मार्ग की लगातार निगरानी रखने, यात्रियों को आवश्यक सावधानियों के प्रति जागरूक करने और किसी भी आपात स्थिति की सूचना तत्काल जिला आपदा परिचालन केंद्र को देने के लिए कहा गया है।
प्रशासन ने श्रद्धालुओं से अपील की है वे मौसम संबंधी दिशा-निर्देशों का पालन करें और सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए प्रशासन का सहयोग करें।









