
चमोली के ज्योतिर्मठ विकासखंड में हेलंग-भर्की-पिलखी मोटर मार्ग पर कल्पगंगा नदी पर बन रहे दो पुल पांच साल से अधूरे हैं। ग्वाणा और अरोसी के ग्रामीणों ने आवाजाही के लिए लकड़ी की बल्लियों से अस्थायी पुल का निर्माण किया।
गोपेश्वर (चमोली)। ज्योतिर्मठ विकासखंड के अरोसी, ग्वाणा, भर्की, पिलखी सहित कई गांवों को जोड़ने के लिए हेलंग भर्की पिलखी मोटर मार्ग पर कल्पगंगा में दो पुलों का निर्माण पिछले पांच वर्षों से चल रहा है।
हालांकि, अभी तक पुल का निर्माण कार्य पूरा नहीं हो पाया है। ग्वाणा, अरोसी के ग्रामीणों ने श्रमदान कर लकड़ियों की बल्लियों व अपने संसाधनों से अस्थायी पुल का निर्माण कर आवाजाही शुरू की है।
ग्राम प्रधान दीपक पंवार का कहना है कि कल्पेश्वर महादेव को जोड़ने के साथ-साथ भर्की, पिलखी, अरोसी व ग्वाणा गांवों को जोड़ने के लिए पीएमजीएसवाई विभाग द्वारा हेलंग-पिलखी-भर्की 16 किमी मोटर मार्ग का निर्माण किया गया था।
इस मोटर मार्ग पर डामरीकरण और अन्य कार्य पूर्ण हो चुके हैं। विभाग ने वर्ष 2021-22 में कल्पगंगा नदी पर किमी एक और किमी 14 के समीप दो पुलों के निर्माण के लिए टेंडर प्रक्रिया शुरू की थी, लेकिन पांच साल बीत जाने के बाद भी पुल का ढांचा ही तैयार हो पाया है।
बताया कि बीते दिनों क्षेत्र में आवाजाही का एक मात्र अस्थाई पुल टूटने से ग्रामीणों को मीलों पैदल चलना पड़ रहा था। बताया कि गांव के प्रेम सिंह, माधवर सिंह, लक्ष्मण सिंह, पूरण सिंह चौहान, धर्म सिंह, सुरेंद्र सिंह, बिरेंद्र सिंह, हर्षवर्धन सिंह, अंकेश चौहान सहित कई ग्रामीणों ने श्रमदान कर छह घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद अस्थायी पुल का निर्माण किया है।
हेलंग उर्गम मोटर मार्ग पर कल्पगंगा नदी पर दो पुल निर्माणाधीन हैं। पुल निर्माण को लेकर कार्य गतिमान है। जल्द ही पुल निर्माण का कार्य पूर्ण कर आवाजाही सुचारु की जाएगी।
डीएस चौहान, सहायक अभियंता पीएमजीएसवाई









